बच्चे के रोज़ाना आने वाले बुरे सपनों से कैसे निपटें

जानें कि अपने बच्चे की रात के बुरे सपनों की समस्या को कैसे हल करें और उन्हें बेहतर नींद दिलाएं।. HowTo: Family Edition: family how-tos that actually help.

  1. सोने से पहले का शांत माहौल बनाएं. सोने से एक घंटे पहले घर में शांत और आरामदायक वातावरण बनाएं। टीवी, मोबाइल और तेज़ आवाज़ वाले खेल बंद कर दें। हल्की रोशनी में किताब पढ़ें या शांत संगीत सुनाएं। बच्चे के कमरे का तापमान सामान्य रखें और आरामदायक कपड़े पहनाएं। सोने से पहले गर्म दूध या हल्दी वाला दूध दे सकते हैं।
  2. डर की वजह पता करें. अपने बच्चे से प्यार से बात करें कि उन्हें किस चीज़ से डर लगता है। हो सकता है उन्होंने कोई डरावनी फिल्म देखी हो, कोई कहानी सुनी हो, या स्कूल में कुछ हुआ हो। उनकी बात को गंभीरता से सुनें और उनके डर को नज़रअंदाज़ न करें। बच्चे को यकीन दिलाएं कि वे सुरक्षित हैं और आप उनके साथ हैं।
  3. बुरे सपने आने पर तुरंत सहारा दें. जब बच्चा बुरे सपने के कारण जागे तो तुरंत उसके पास जाएं। उन्हें गले लगाएं और शांत आवाज़ में बताएं कि यह सिर्फ एक सपना था। कमरे की हल्की रोशनी जलाएं ताकि बच्चा देख सके कि सब कुछ सामान्य है। उन्हें पानी पिलाएं और तब तक साथ रहें जब तक वे दोबारा सो न जाएं।
  4. दिन के समय सकारात्मक गतिविधियां करें. दिन में बच्चे के साथ खुशी वाली गतिविधियां करें। बाहर खेलने जाएं, पार्क में टहलें, या कोई मजेदार खेल खेलें। सोने से पहले अच्छी और खुशी वाली कहानियां पढ़ें। बच्चे को सिखाएं कि अच्छे सपने कैसे सोचें। आप चाहें तो 'सपनों का जादूगर' जैसा कोई खेल भी बना सकते हैं।
  5. नियमित दिनचर्या बनाएं. हर दिन एक ही समय पर बच्चे को सुलाएं और जगाएं। सोने से पहले की गतिविधियां भी रोज़ एक जैसी रखें - जैसे दांत साफ करना, कहानी पढ़ना, और प्रार्थना करना। यह दिनचर्या बच्चे को सुरक्षा का एहसास दिलाती है। दिन में भी खाने-पीने और खेलने का समय निर्धारित रखें।