बच्चे का बुखार घर पर कैसे ठीक करें

बच्चे के बुखार का सुरक्षित तरीके से घरेलू इलाज करने की पूरी जानकारी।

  1. बुखार की पहचान करना. बच्चे का सामान्य शरीर का तापमान 36.5-37.5°C होता है। थर्मामीटर से तापमान नापें - बगल में, मुंह में या कान में। बच्चा अगर सुस्त लग रहा है, ज्यादा गर्म लग रहा है, या रो रहा है तो बुखार हो सकता है। 2 साल से छोटे बच्चों में रेक्टल थर्मामीटर सबसे सटीक होता है।
  2. तुरंत करने योग्य उपाय. बच्चे को हल्के कपड़े पहनाएं और कमरे का तापमान सामान्य रखें। बच्चे को ज्यादा तरल पदार्थ दें - पानी, नारियल पानी, या दूध। बर्फ से ठंडा पानी न दें, हल्का गुनगुना या सामान्य तापमान का पानी दें। बच्चे को आराम करने दें और ज्यादा हलचल न करवाएं।
  3. दवाई देने का सही तरीका. डॉक्टर की सलाह पर ही पैरासिटामोल दें - बच्चे के वजन के अनुसार सही मात्रा में। 6 महीने से छोटे बच्चों को कोई भी दवाई डॉक्टर से पूछे बिना न दें। एस्पिरिन कभी न दें। दवाई देने के बाद कम से कम 4-6 घंटे का अंतर रखें। दवाई की शीशी पर लिखे निर्देशों को ध्यान से पढ़ें।
  4. घरेलू देखभाल के तरीके. गुनगुने पानी से बच्चे को स्पंज बाथ दें, खासकर माथे, कांख और गर्दन पर। पंखे की हवा सीधे बच्चे पर न मारें, कमरे में हवा का संचार बनाए रखें। बच्चे को भूख न लगे तो जबर्दस्ती खाना न खिलाएं, लेकिन तरल पदार्थ जरूर दें। नींबू पानी, दाल का पानी या हल्का सूप दे सकते हैं।
  5. क्या न करें. बर्फ से ठंडे पानी में नहलाना या बर्फ लगाना बिल्कुल न करें। एल्कोहल रब न करें। बच्चे को बहुत मोटे कपड़े पहनाकर न ढकें। कोई भी आयुर्वेदिक या देसी दवाई डॉक्टर से पूछे बिना न दें। बुखार कम करने के लिए ज्यादा दवाई न दें।