रात में दांत पीसने वाले बच्चे की मदद कैसे करें
जानें कि अगर आपका बच्चा रात में दांत पीसता है तो क्या करना चाहिए और कैसे उसकी मदद की जा सकती है।
- दांत पीसने के संकेत पहचानें. रात में तेज़ आवाज़ सुनाई देना, सुबह जबड़े में दर्द या अकड़न की शिकायत, दांतों पर घिसाव के निशान, सिरदर्द की समस्या, या कान में दर्द हो सकता है। अगर आपको ये लक्षण दिखें तो समझ जाएं कि बच्चा दांत पीस रहा है। कुछ बच्चे दिन में भी दांत पीसते हैं, खासकर जब वे तनाव में होते हैं।
- सोने की अच्छी आदतें बनाएं. नियमित समय पर सोना और जगना, सोने से पहले शांत माहौल बनाना, गर्म पानी से नहाना या हल्का मालिश देना जरूरी है। सोने से 2 घंटे पहले भारी खाना न दें। कमरे का तापमान ठीक रखें और रोशनी कम कर दें। मोबाइल, टीवी जैसी चीजों से दूर रखें। कहानी पढ़ना या हल्का संगीत सुनना फायदेमंद हो सकता है।
- तनाव कम करने के तरीके. बच्चे के दिनभर के अनुभवों के बारे में बात करें। स्कूल या दोस्तों के साथ कोई परेशानी है तो सुनें और समझाएं। गहरी सांस लेने का अभ्यास कराएं। दिन में पर्याप्त शारीरिक गतिविधि करवाएं लेकिन सोने से 3 घंटे पहले तेज़ खेल न खिलाएं। योग या स्ट्रेचिंग की सरल एक्सरसाइज़ सिखाएं। बच्चे को भरपूर प्यार और सुरक्षा का एहसास दिलाएं।
- मुंह और जबड़े की देखभाल. सोने से पहले गर्म पानी से गरारे करवाएं। हल्के हाथों से जबड़े की मालिश करें। कठोर या चिपचिपा खाना कम दें। दिन में च्यूइंग गम न दें क्योंकि इससे जबड़े की मांसपेशियों पर ज्यादा दबाव पड़ता है। अगर बच्चा दिन में दांत पीसता है तो उसे याद दिलाते रहें कि जीभ को दांतों के बीच रखे और जबड़े को ढीला छोड़े।
- घरेलू उपाय और सावधानियां. कैफीन वाली चीजें जैसे चॉकलेट, कोल्ड ड्रिंक न दें। दिन में भरपूर पानी पिलाएं। विटामिन और मिनरल्स से भरपूर संतुलित आहार दें। रात को हल्का और जल्दी पचने वाला खाना दें। अगर समस्या बनी रहे तो डेंटिस्ट से माउथगार्ड के बारे में पूछ सकते हैं, लेकिन यह डॉक्टर की सलाह पर ही करवाएं।