बच्चों के साथ बेहतरीन प्रकृति फोटोग्राफी कैसे करें
पारिवारिक प्रकृति फोटोग्राफी के लिए आसान तरीके और व्यावहारिक टिप्स सीखें।
- उपकरण तैयार करें. सबसे पहले अपना कैमरा तैयार करें - चाहे वह स्मार्टफोन हो या डिजिटल कैमरा। बैटरी पूरी चार्ज करें और मेमोरी कार्ड खाली कर लें। बच्चों के लिए हल्के कैमरे या किड्स कैमरे का इस्तेमाल करें। अतिरिक्त बैटरी और सफाई के लिए कपड़ा साथ रखें। यदि मैग्निफाइंग ग्लास या बाइनोकुलर हैं तो वे भी ले जाएं।
- सही समय चुनें. सुनहरा समय (गोल्डन आवर) सबसे अच्छा है - सूर्योदय के एक घंटे बाद और सूर्यास्त से एक घंटे पहले। इस दौरान रोशनी मुलायम और गर्म होती है। बादल वाले दिन भी अच्छे होते हैं क्योंकि रोशनी एकसमान रहती है। तेज धूप से बचें क्योंकि इससे कड़ी छाया बनती है।
- विषय खोजें और फ्रेम करें. फूल, पत्ते, तितली, चिड़िया, पेड़ों के पैटर्न और बादलों की आकृतियां देखें। बच्चों को अलग-अलग कोणों से देखने के लिए प्रेरित करें - नीचे से ऊपर, पास से, दूर से। 'रूल ऑफ थर्ड्स' का इस्तेमाल करें - तस्वीर को तीन हिस्सों में बांटकर विषय को केंद्र की बजाय किनारे रखें। बैकग्राउंड साफ और सरल रखने की कोशिश करें।
- स्थिर रहकर फोटो लें. कैमरा पकड़ते समय दोनों हाथों का इस्तेमाल करें। सांस रोककर शटर दबाएं। बच्चों को धीरे-धीरे फोटो लेना सिखाएं। जरूरत हो तो पेड़ या दीवार का सहारा लें। बहुत पास जाने पर कैमरे को स्थिर रखना मुश्किल हो जाता है। कई तस्वीरें लें ताकि कम से कम एक अच्छी निकले।
- प्रकाश का सही उपयोग करें. हमेशा सूर्य को पीठ के पीछे रखने की जरूरत नहीं। कभी-कभी साइड लाइट या बैक लाइट दिलचस्प प्रभाव देती है। पत्तों के बीच आने वाली रोशनी, पानी में बनने वाले प्रतिबिंब का फायदा उठाएं। छाया में भी अच्छी तस्वीरें आती हैं क्योंकि रंग साफ दिखते हैं।
- विविधता लाएं. माइक्रो (बहुत पास से) और मैक्रो (दूर से) दोनों तरह की तस्वीरें लें। कभी पूरा दृश्य कैप्चर करें, कभी छोटी डिटेल पर फोकस करें। मौसम के अनुसार अलग-अलग तस्वीरें लें - बारिश की बूंदें, सूखे पत्ते, बर्फ। दिन के अलग-अलग समय में एक ही जगह की तस्वीरें लेकर तुलना करें।
- धैर्य रखें और मजा लें. जानवरों और कीड़ों के लिए धैर्य से इंतजार करें। आवाज न करें और अचानक हिलें नहीं। बच्चों को सिखाएं कि प्रकृति में हर चीज अपनी गति से होती है। असफलता से निराश न हों। फोटोग्राफी सीखने की प्रक्रिया है। मुख्य लक्ष्य परफेक्ट तस्वीर नहीं बल्कि प्रकृति के साथ समय बिताना है।