बच्चों के साथ बीटबॉक्सिंग की मूल आवाजें सीखने का तरीका

परिवार के साथ मिलकर बीटबॉक्सिंग की बुनियादी आवाजें सीखने का आसान तरीका।

  1. बीटबॉक्सिंग की तैयारी. पहले एक शांत जगह चुनें जहां आप आराम से आवाज निकाल सकें। अपने होंठ, जीभ और गाल को हल्की मालिश करके तैयार करें। पानी पीकर गला साफ रखें। बच्चों को बताएं कि यह खेल की तरह है और गलती करना बिल्कुल सामान्य है।
  2. बेसिक ड्रम साउंड - 'बूम'. होंठ बंद करके 'ब' की आवाज निकालें। इसे पेट से आने वाली गहरी आवाज बनाएं। बच्चों से कहें कि वे अपने पेट पर हाथ रखकर महसूस करें कि आवाज कहां से आ रही है। 'बूम' कहते समय होंठ थोड़े से खुलने चाहिए। धीरे-धीरे प्रैक्टिस करें: बूम... बूम... बूम।
  3. हाई हैट साउंड - 'त्स'. जीभ को ऊपरी दांतों के पीछे लगाकर 'त्स' की आवाज निकालें। यह हवा छोड़ने जैसी आवाज होनी चाहिए। बच्चों को समझाएं कि यह साप की आवाज जैसी है। पहले धीमी गति में अभ्यास करें, फिर तेज करते जाएं। त्स... त्स... त्स की लय बनाएं।
  4. स्नेयर ड्रम - 'क'. जीभ को मुंह की छत पर लगाकर तेज़ी से 'क' की आवाज निकालें। यह तेज और चुभने वाली आवाज होनी चाहिए। बच्चों से कहें कि यह खांसी जैसी आवाज है लेकिन छोटी और तेज। 'क' बोलते समय हवा को अचानक रोक दें।
  5. आवाजों को मिलाना. अब तीनों आवाजों को मिलाकर सरल लय बनाएं। शुरुआत 'बूम त्स बूम त्स' से करें। धीरे-धीरे 'बूम त्स क त्स' का पैटर्न ट्राई करें। बच्चों को अपनी गति से सीखने दें। हर किसी की आवाज अलग होगी और यह बिल्कुल ठीक है। साथ में क्लैप करके लय को समझने में मदद करें।
  6. मजेदार अभ्यास के तरीके. पसंदीदा गानों के साथ बीटबॉक्सिंग करने को कहें। परिवार के सदस्यों के साथ बारी-बारी से अलग-अलग आवाजें निकालें। रिकॉर्ड करके सुनें कि कैसा लग रहा है। गलतियों पर हंसें और मज़े करें। छोटे बच्चों के लिए जानवरों की आवाज़ों से शुरुआत करें।